हीरवाना की कृष्ण गौशाला में 27 साल से करते आ रहे हैं ग्रामीण खुतड़मल भैरुजी महाराज का सवामणी प्रसाद
भारी ओलावृष्टि से चिंतित किसानों ने संत लक्ष्मण दास बामलास धाम के सानिध्य में भैंरु बाबा से मांगी थी मन्नत
चंवरा। हीरवाना की श्री कृष्ण गौशाला में एक अनूठी आस्था की परंपरा काफी सालों से चली आ रही है। यहां पिछले 27 वर्षों से प्रतिवर्ष फाल्गुन की अमावस्या को क्षेत्र के किसानों द्वारा बामलास धाम के महंत बाबा लक्ष्मण दास महाराज के सानिध्य में खुड़तमल भैंरुजी महाराज, बालाजी महाराज व देवनारायण भगवान का सवामणी प्रसाद का आयोजन करते हैं। बुधवार को दिन में बालाजी म्यूजिकल ग्रुप मावंडा खुर्द द्वारा भजनों की रंगारंग प्रस्तुतियों से श्रद्धालु झूम उठे तथा दिनभर भंडारा चला। भजनों की ताल पर नृत्य कलाकार कमलेश हर्जनपुरा ने शानदार राजस्थानी नृत्य किया। सुमेर रावत ने बताया कि आज से 27 वर्ष पहले क्षेत्र में बड़े आकार की भारी ओलावृष्टि हुई थी जिससे किसानों की पकी पकाई पूरी की पूरी फसल नष्ट हो गई थी। उस समय क्षेत्र के किसानों ने बामलास धाम के महंत बाबा लक्ष्मण दास महाराज के सानिध्य में भैरु बाबा से मन्नत मांगी थी कि हम प्रतिवर्ष फाल्गुन की अमावस्या को आपका सवामणी प्रसाद करेंगे, लेकिन हमारे क्षेत्र में ओलो से फसल को नुकसान नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि तब से लेकर आज तक क्षेत्र में ओलों से फसल को नुकसान नहीं हुआ है। इस दौरान रघुनाथ दास महाराज, प्रमुख समाज सेवी सुरेश मीणा किशोरपुरा, शीशराम खटाणा, कोषाध्यक्ष बनवारी जांगिड़, चतरू राम महरानियां, कन्हैया लाल रावत, बाबूलाल शर्मा, रामपाल रावत, धर्मेंद्र कड़ाला, गिरधारी लाल रावत, गंगाराम लंमोड, मदन लाल रावत, भाताराम, जय किशन, बालाजी म्यूजिकल ग्रुप के कलाकार विकास शर्मा, राकेश शर्मा, कमलेश हर्जनपुरा, टीडाराम, राजू बागोरा, रघुवीर यादव सहित काफी संख्या में महिला एवं पुरुष मौजूद रहे।

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