Type Here to Get Search Results !

उदासर में अमृत कुटियां में अमृतनाथ महाराज के 171 वें जन्मदिन पर संतो ने जमाया भजनों का रंग

उदासर में अमृत कुटियां में अमृतनाथ महाराज के 171 वें जन्मदिन पर संतो ने जमाया भजनों का रंग


, देर रात तक बटौरी श्रोताओं की तालियां 


सरदारशहर। मुन्नालाल राव 


गांव उदासर बीदावतान में अमृतनाथ महाराज के 171 वें जन्म दिवस पर अमृत कुटिया में विशाल भंडारा व शनिवार रात्री को जागरण का आयोजन संत विकास नाथ महाराज फतेहपुर के सानिध्य में आयोजित किया गया जिसमें करीबन 30 से अधिक संतो ने भजनों की प्रस्तुतियां दी। संत विकास नाथ महाराज ने रटो पार्वती के भरतार करेगें भव से बेड़ा पार, एक डोर लग जाउगा गुरूजी थारे चरणा में रम जाउगा जैसे भजनों की प्रस्तुतियां देते हुए जागरण में आए सभी श्रोताओं को तालियां बटोरने को मजबूर कर दिया। जागरण में ग्रामीणों ने संतो पर गुलाब के फूलों की बरसात करते हुए जागरण में देर रात तक आंनद लिया।  संत विकास नाथ महाराज ने बताया कि संत अमृतनाथ महाराज अपनी मां के देहावसान के बाद 36 साल की आयु के में  चंपानाथ महाराज के शिष्य बने थें। उन्होने 24 वर्षो तक जंगलों में कठौर योग साधना करते की। जागरण में संत गुलाबनाथ महाराज, निश्चलनाथ महाराज, सुमरतीनाथ महाराज, गंगनाथ आदि संतो ने अपनी मधुर वाणी में भजनों की गंगा बहाई। इस अवसर पर उदासर धाम के महंत दयानाथ महाराज, पशुनाथ महाराज, कैलाशनाथ महाराज, कमलनाथ महाराज, रामनाथ, शिवनाथ महाराज, श्रवणनाथ महाराज, हिम्मतनाथ महाराज, ललित जैसनसरिया, श्रवण चौधरी, हरफूलसिंह सहारण आदि उपस्थित रहे।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ